*नर्मदा तट से 300 मीटर तक निर्माण पर प्रतिबंध*


*अमरकंटक | ग्लोबल न्यूज | श्रवण कुमार उपाध्याय की रिपोर्ट*
*अमरकंटक में नर्मदा तट से 300 मीटर तक निर्माण पर प्रतिबंध, नगर परिषद ने चेताया*
*एनजीटी के निर्देशों के पालन हेतु लगाए गए जागरूकता बोर्ड, पर्यावरण संरक्षण और नर्मदा तट की पवित्रता बनाए रखने पर जोर*
मां नर्मदा की उद्गम स्थली अमरकंटक में नर्मदा नदी तट की सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के लिए नगर परिषद अमरकंटक ने महत्वपूर्ण जागरूकता अभियान प्रारंभ किया है। इसके तहत विभिन्न स्थानों पर सूचना बोर्ड लगाकर अवगत कराया गया है कि *राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) के निर्देशों के अनुसार नर्मदा नदी तट से 300 मीटर की परिधि में निर्माण कार्य पूर्णतः प्रतिबंधित है।
बोर्डों में स्पष्ट उल्लेख है कि प्रतिबंधित क्षेत्र में किसी भी प्रकार के निर्माण से पूर्व संबंधित नियमों का पालन करना आवश्यक है। नागरिकों, भवन निर्माताओं एवं भूमि स्वामियों से अपील की गई है कि वे नर्मदा तट की संवेदनशीलता को समझते हुए पर्यावरणीय नियमों का सम्मान करें।
अमरकंटक केवल धार्मिक आस्था का केंद्र ही नहीं बल्कि जैव विविधता और जल संरक्षण की दृष्टि से भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। यहाँ प्रतिवर्ष लाखों श्रद्धालु आते हैं, ऐसे में तट का संरक्षण भविष्य की पीढ़ियों के लिए आवश्यक है।
पर्यावरणविदों के अनुसार नदी तटों पर अनियंत्रित निर्माण से जल प्रवाह और पारिस्थितिकी तंत्र प्रभावित हो सकता है। नगर परिषद की यह पहल जन-जागरूकता बढ़ाने का महत्वपूर्ण प्रयास मानी जा रही है।