*महामाया मंदिर गेट बना अखाड़ा भाजपा के दो पक्षआपस में भिड़े दोनों ने थाने में कराई FIR*

रतनपुर ग्लोबल न्यूज नीरज जायसवाल की रिपोर्ट
रतनपुर: महामाया मंदिर गेट पर BJP के दो पदाधिकारियों में भिड़ंत, चोरी के विवाद से मचा बवाल – VIDEO वायरल से पार्टी में हड़कंप
मां महामाया मंदिर के मुख्य गेट पर शनिवार दोपहर दो हुई एक घटना ने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी है। चोरी के एक पुराने विवाद को लेकर भाजपा से जुड़े दो पक्षों में कहासुनी के बाद मारपीट हो गई। देखते ही देखते मंदिर परिसर में हंगामा मच गया। मामला थाने तक पहुंच गया है।
इस पूरी घटना का एक VIDEO अब सोशल मीडिया और भाजपा के इंटरनल ग्रुपों में तेजी से वायरल हो रहा है। आरोप है कि वीडियो को वायरल करने में भाजपा महिला मोर्चा की एक मंडल पदाधिकारी की भी भूमिका है, जिसके बाद संगठन में अनुशासनहीनता और गुटबाजी को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
कैसे शुरू हुआ बवाल? दो पक्ष, दो शिकायतें
पुलिस में दोनों पक्षों ने अलग-अलग शिकायत दर्ज कराई है।
पहला पक्ष – तुषार पटेल का आरोप
मंदिर रोड निवासी तुषार पटेल (34) जो प्रसाद और होटल का संचालन करते हैं, ने रिपोर्ट दर्ज कराई है कि उनकी दुकान में एक हफ्ते पहले चोरी हुई थी। शनिवार दोपहर करीब 2:30 बजे उन्हें मंदिर गेट पर दुकान में काम करने वाला करिया उर्फ मनोज दिखा। इस बारे में पूछताछ पर विवाद बढ़ गया। आरोप है कि मोन्टी ने फोन कर रेहाना बेगम को बुला लिया और रेहाना बेगम, भागवत उर्फ रिहान, शेरू और मोन्टी ने मिलकर मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी। बीच-बचाव करने आई उनकी बहन मेघा प्रधान और ईश्वर प्रधान के साथ भी मारपीट की गई।
– रेहाना बेगम का पलटवार
दूसरी ओर भाजपा महिला मोर्चा अल्पसंख्यक मंडल मंत्री रेहाना बेगम (35) जो मंदिर में फूल बेचती हैं, ने भी शिकायत दर्ज कराई है। उनके अनुसार मोन्टी धीवर ने फोन कर बताया कि राजा पटेल विवाद कर रहे हैं तो वह मौके पर पहुंचीं। वहां राजा पटेल, मेघा पटेल, ईश्वर प्रधान उनके साथ मारपीट, बाल खींचने और धमकी देने का आरोप लगाया है। बीच-बचाव करने आए मोन्टी और करिया के साथ भी मारपीट की बात कही है।
पार्टी की छवि पर सवाल
रतनपुर जैसे धार्मिक नगरी में सार्वजनिक स्थल पर भाजपा पदाधिकारियों के बीच इस तरह की घटना और फिर वीडियो वायरल होने से कई सवाल खड़े हो रहे हैं। कार्यकर्ताओं में चर्चा है कि क्या यह अंदरूनी गुटबाजी का नतीजा है और जब मामला पुलिस में है तो वीडियो वायरल कर संगठन की छवि खराब क्यों की जा रही है।
फिलहाल पुलिस दोनों शिकायतों पर जांच कर रही है। समाचार लिखे जाने तक इस पूरे मामले पर भाजपा के मंडल या जिला स्तर के किसी भी पदाधिकारी का आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

