अमरकंटक ग्लोबल न्यूजसंपादक हरीश चौबेसबसे पहले सबसे आगे न्यूज

*कल्याण सेवा आश्रम में विशाल भंडारे का आयोजन*

अमरकंटक ग्लोबल न्यूज – श्रवण कुमार उपाध्याय की रिपोर्ट

अमरकंटक के कल्याण सेवा आश्रम में विशाल भंडारे का आयोजन श्रद्धालुओं को बांटे वस्त्र

शंकराचार्य आश्रम और रामघाट में भी हुआ भंडारा , कन्या पूजन के साथ नवरात्रि के धार्मिक अनुष्ठानों का हुआ समापन


अमरकंटक – मां नर्मदा की उद्गम स्थली / पवित्र नगरी अमरकंटक में शारदीय नवरात्रि का समापन विजयादशमी के पावन पर्व पर श्रद्धा , भक्ति और उल्लास के साथ हुआ । इस अवसर पर नगर के विभिन्न धार्मिक स्थलों एवं आश्रमों में पूजन-अर्चन , हवन , कन्या पूजन और विशाल भंडारों का आयोजन किया गया । कल्याण सेवा आश्रम में पूज्य वीतराग तपस्वी बाबा कल्याण दास जी महाराज के सानिध्य में नौ दिवसीय नवरात्रि पर्व के समापन पर विशाल नगर भंडारा आयोजित हुआ । वहीं  शंकराचार्य आश्रम और नर्मदा उत्तर तट स्थित रामघाट पर भी भंडारे में संतों , ब्राह्मणों , कन्याओं एवं श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया ।

कल्याण सेवा आश्रम में उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब

कल्याण सेवा आश्रम में नौ दिवसीय शारदीय नवरात्रि पर्व हर्षोल्लास एवं धार्मिक परंपराओं के साथ मनाया गया । इस दौरान काशी से आए ब्राह्मणों द्वारा विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया गया । रात्रि में निशा हवन सहित विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान संपन्न हुए ।
विजयादशमी के दिन प्रातःकाल से पूजन-अर्चन और संतों के प्रवचन हुए । इसके पश्चात आरती कर विशाल नगर भंडारे का शुभारंभ किया गया । भंडारे में कन्याओं , संतों , ब्राह्मणों , श्रद्धालुओं तथा आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में महिला , पुरुष , बच्चे और बुजुर्ग शामिल हुए ।
इस आयोजन में प्रतिवर्ष की तरह इस बार भी बैगा जनजाति के अनेक परिवार अपने परिजनों के साथ पहुंचे और प्रसाद ग्रहण किया । कल्याण आश्रम में श्रद्धालुओं को भोजन कराने के साथ वस्त्र वितरण भी किया गया । पूरे आयोजन के दौरान भक्तिमय वातावरण बना रहा ।

शंकराचार्य आश्रम में कन्या पूजन के बाद भंडारा

अमरकंटक के वार्ड क्रमांक 15 स्थित शंकराचार्य आश्रम में भी नवरात्रि समापन पर धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए गए । आश्रम में प्रतिवर्ष की परंपरा के अनुसार अखंड ज्योति एवं कलश स्थापित किए जाते हैं । विजयादशमी पर अनुष्ठानों की पूर्णता के बाद कन्या पूजन किया गया और भंडारे का आयोजन हुआ ।
आश्रम के प्रमुख व्यवस्थापक ब्रह्मचारी नर्मदानंद जी ने बताया कि नवरात्रि के समापन पर प्रतिवर्ष भंडारा आयोजित किया जाता है । इस आयोजन के माध्यम से श्रद्धालु मां भगवती की आराधना कर प्रसाद ग्रहण करते हैं ।

रामघाट पर परिक्रमावासी संत के सानिध्य में भंडारा

इसी क्रम में नर्मदा उत्तर तट स्थित रामघाट पर चातुर्मास कर रहे नर्मदा परिक्रमावासी संत स्वामी पूरण दास जी महाराज के सानिध्य में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया । श्री विष्णु महायज्ञ , दुर्गा सप्तशती पाठ , निशा हवन , श्रीमद्भागवत कथा की पूर्णाहुति तथा श्रीकृष्ण रासलीला के समापन के बाद विजयादशमी के अवसर पर शिव मंदिर परिसर में भंडारा आयोजित हुआ ।
इसमें कन्याओं , संतों , ब्राह्मणों , श्रद्धालुओं और नगरवासियों ने पहुंचकर प्रसाद ग्रहण किया । धार्मिक अनुष्ठानों की पूर्णाहुति के साथ नवरात्रि का पर्व श्रद्धा और भक्तिभाव से संपन्न हुआ ।

नौ दिनों तक भक्तिमय रहा अमरकंटक

अमरकंटक में शारदीय नवरात्रि के दौरान नर्मदा उद्गम मंदिर सहित विभिन्न धार्मिक स्थलों पर अखंड ज्योति एवं कलशों की स्थापना की जाती है । नौ दिनों तक नियमित पूजन-अर्चन , आरती , दुर्गा सप्तशती पाठ और हवन के आयोजन होते हैं । नवरात्रि के समापन पर कन्या पूजन , कन्या भोज तथा कलश विसर्जन की परंपरा निभाई जाती है ।

इस वर्ष भी अमरकंटक के विभिन्न वार्डों में मां दुर्गा की प्रतिमाएं स्थापित कर आकर्षक पंडाल सजाए गए । नगर में लगभग 14 स्थानों पर दुर्गा प्रतिमाओं की स्थापना के साथ धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित हुए । पूरे नवरात्रि पर्व के दौरान मां भगवती की आराधना , भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठानों से अमरकंटक का वातावरण भक्तिमय बना रहा ।
विजयादशमी पर आयोजित भंडारों और धार्मिक कार्यक्रमों ने सेवा , समर्पण , सामाजिक सद्भाव तथा सनातन परंपराओं के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था को एक बार फिर प्रदर्शित किया ।

Latest