*फायदे के लिए कायदे दरकिनार हो रहा जमकर भ्रष्टाचार 15वें वित्त की राशि का*


*ग्लोबल न्यूज कोटा*
*रिपोर्टर – नारायण यादव*
*ग्राम पंचायत छतौना में 15वें वित्त की राशि पर गंभीर सवाल, कागजों में विकास और जमीन पर काम गायब होने के आरोप*
कोटा समाचार विकासखंड कोटा अंतर्गत ग्राम पंचायत छतौना में 15वें वित्त आयोग की राशि से कराए गए कार्यों में गंभीर अनियमितता के आरोप लगे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि सरपंच और सचिव कुसुम किरण के कार्यकाल में कई कार्यों के नाम पर राशि निकाली गई, लेकिन मौके पर काम हुआ ही नहीं।
*मुख्य आरोप इस प्रकार हैं *
1. जुना पारा हैंडपंप में ₹89,900 की निकासी मोटर पंप व पानी टंकी स्थापना के नाम पर राशि निकाली गई, मौके पर काम नहीं होने का आरोप।
2. देवालय के नाम पर बोर, काम दूसरी जगह -* जनपद मद से देवालय के पास ₹1,00,000 के बोर खनन की स्वीकृति, लेकिन बोर सोढ़ा खुर्द के रेटघाट में भाजपा नेता की जमीन पर कराने का आरोप।
3. पंच के घर के अंदर हैंडपंप सोढ़ा खुर्द में सार्वजनिक हैंडपंप निजी परिसर में खनन कराने का आरोप।
4. गल्ली गोसाईं के घर के पास ₹1,09,900 का खेल हैंडपंप में बोर तो है, लेकिन मोटर पंप नहीं लगा, पानी नहीं आ रहा।
5. पुराने मंच को नया बताकर भुगतान -* गल्ली गोसाईं के पास पुराने मंच को दिखाकर नया भुगतान और दोहरे मंच के नाम पर ₹9,550 निकासी का आरोप।
CM हेल्पलाइन 1076 में शिकायत के बाद भी नहीं हुआ स्थल निरीक्षण
शिकायतकर्ता ने 1076 पर शिकायत की। टीम गठित हुई – जगदीश मरावी, CEO विमल जायसवाल और अभिषेक अग्रहरी के नाम सामने आए, लेकिन आरोप है कि बिना मौके पर जाए ही पोर्टल पर लिखा गया कि समय सीमा में स्थल निरीक्षण संभव नहीं। शिकायत बंद कर दी गई।
अब ग्रामीणों की मांग है कि जिला प्रशासन सभी कार्यों का भौतिक सत्यापन कर स्वीकृति, बिल-वाउचर और माप पुस्तिका का मिलान करे।


