
*कोटा प्रशासन का चला बुलडोजर वैगेर नाप जोख के *
कोटा ग्लोबल न्यूज गोपाल यादव रिपोर्ट
बेजा कब्जा की 15 घंटे पहले लगभग नोटिस देने के बाद तोड़ फोड़ शुरू
गरीब के दुकानों पर चला बुलडोजर तोड़फोड़ के चलते भीषण गर्मी में बिजली सप्लाई बंद कर दी गई थी जिसके चलते बुजुर्ग पुरुष एवं महिला बच्चों का हुआ हाल बेहाल

करगी रोड पर लंबे समय से काबिज अवैध कब्जों को हटाने के लिए प्रशासन ने गुरुवार को कार्रवाई की। एसडीएम, तहसीलदार और पुलिस बल की मौजूदगी में दो जेसीबी ने सुबह से शाम तक नाली निर्माण की जद में आने वाले पक्के मकानों के सामने बने शेड और अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया। कार्रवाई के दौरान कई स्थानों पर प्रशासन और दुकानदारों के बीच नोकझोंक भी हुई।
प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान व्यापारियों ने भेदभाव का आरोप लगाया है। ज्ञानचंद होटल के संचालक कुलदीप गुप्ता ने बताया कि उन्हें केवल नाली के ऊपर से कब्जा हटाने का नोटिस दिया गया था, लेकिन प्रशासन ने नाली के पार लगे टीन शेड को भी तोड़ दिया, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान हुआ है। इस संबंध में उन्होंने बिलासपुर कलेक्टर से लिखित शिकायत भी की है। वहीं शुभम अग्रवाल ने एसडीएम से चर्चा कर कहा कि यदि कब्जा हटाना है, तो एक समान नियम से रोड नापकर तोड़फोड़ होनी चाहिए।
स्थानीय लोगों में इस बात को लेकर भी भारी गुस्सा है कि स्टेशन रोड पर गरीब ठेले वालों और झोपड़ीनुमा दुकानों को उजाड़ दिया गया, जबकि मुआवजा ले चुके रसूखदारों के निर्माणों पर ढिलाई बरती गई। रेलवे क्षेत्र में चना-मुर्रा और गन्ना रस बेचने वाले गरीबों की दुकानें भी तोड़ दी गईं, जिससे उनके सामने रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है। व्यापारियों का कहना है कि सबके लिए एक होने चाहिए।






