
* यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस की बड़ी पहल*
भाटापारा ग्लोबल न्यूज जुगल किशोर तिवारी की रिपोर्ट
*जिले की यातायात व्यवस्था को सुगम और सुरक्षित बनाने बलौदाबाजार-भाटापारा पुलिस की बड़ी पहल*
*पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा के मार्गदर्शन में पुलिस लाइन कम्युनिटी हॉल में संपन्न हुई महत्वपूर्ण बैठक*
भाटापारा 9 जून/साझा प्रयास सुगम यातायात, समुचित पार्किंग और बेहतर मार्ग व्यवस्था के लिए ट्रांसपोर्टर्स, बस संचालक और सड़क सुरक्षा मितान एक मंच पर आए*
कड़ा संदेश: नियमों का उल्लंघन करने वाले और लापरवाही से वाहन चलाने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई, फिटनेस मानकों का पालन अनिवार्य
मानवता को सलाम: ग्राम दरचुरा के भीषण सड़क हादसे में घायलों की जान बचाने वाले गुड सेमेरिटन प्रशस्ति पत्र से सम्मानित
अपील और भरोसा: ‘गोल्डन ऑवर’ (हादसे के ठीक बाद का पहला घंटा) में मानवता का परिचय देते हुए घायलों की करें मदद
जिला मुख्यालय स्थित पुलिस लाइन के “कम्युनिटी हॉल” में दोपहर 12:00 बजे से समन्वय बैठक का आयोजन किया गया। पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा के कुशल निर्देशन में आयोजित इस बैठक का मुख्य उद्देश्य बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के भीतर सुरक्षित यातायात, सुव्यवस्थित पार्किंग, सुगम मार्ग व्यवस्था सुनिश्चित करना तथा सड़कों पर बढ़ते दबाव को कम करने के लिए हितधारकों के बीच आपसी समन्वय स्थापित करना था। बैठक में जिले के समस्त बस संचालक, भारी वाहन ट्रांसपोर्टर और ‘सड़क सुरक्षा मितान’ विशेष रूप से शामिल हुए।
सड़क सुरक्षा के लिए पुलिस का कड़ा रुख और निर्देश- बैठक को संबोधित करते हुए पुलिस अधीक्षक ने कहा कि सड़कों पर हर एक नागरिक की जान कीमती है। उन्होंने बस और ट्रांसपोर्ट संचालकों को सख्त हिदायत दी कि, वाहनों की ओवरस्पीडिंग और ओवरलोडिंग पर पूरी तरह लगाम लगाई जाए। निर्धारित रूट और समुचित पार्किंग व्यवस्था का कड़ाई से पालन हो, ताकि शहरों में जाम की स्थिति न बने। सड़कों को दुर्घटनामुक्त बनाने के लिए ‘सड़क सुरक्षा मितानों’ के फीडबैक पर पुलिस तत्काल एक्शन लेगी।दरचुरा हादसे के ‘सच्चे हीरोज’ का हुआ सम्मान- इस बैठक के दौरान एक बेहद प्रेरक पल तब आया, जब पुलिस द्वारा ग्राम दरचुरा में घटित एक भीषण सड़क दुर्घटना में घायलों के लिए देवदूत बने चार स्थानीय नागरिकों को मंच पर बुलाकर सम्मानित किया गया। इन नागरिकों ने दुर्घटना के तुरंत बाद संवेदनशीलता दिखाते हुए घायलों को संभाला और बिना समय गंवाए उन्हें तत्काल अस्पताल पहुंचाया। उनकी इस तत्परता से कई परिवारों के चिराग बुझने से बच गए।
पुलिस अधीक्षक ओ.पी. शर्मा द्वारा इन चारों जागरूक नागरिकों को “गुड सेमेरिटन” (नेक मददगार) के रूप में प्रशस्ति पत्र सौंपकर सम्मानित किया गया।सम्मानित होने वाले जिले के गौरव: लोकेश साहू निवासी: ग्राम मनोहरा, थाना हथबंद
मोहम्मद शाहिद रजा निवासी कंकालिन पारा सिमगा, थाना सिमगा मनोज माण्डे निवासी: ग्राम दरचुरा, थाना सिमगा
नारायण पाल सरपंच प्रतिनिधि निवासी ग्राम पंचायत दरचुरा डरे नहीं, आगे आएं”- पुलिस अधीक्षक की अपील- सम्मान समारोह के दौरान पुलिस अधीक्षक ने जिलेवासियों से अपील करते हुए कहा, “सड़क दुर्घटना के बाद का पहला घंटा गोल्डन ऑवर घायल की जान बचाने के लिए सबसे महत्वपूर्ण होता है। लोग बिना किसी डर के घायलों की मदद के लिए आगे आएं इस महत्वपूर्ण बैठक में हेमसागर सिदार अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भाटापारा संजय साहू उप पुलिस अधीक्षक यातायात, जिला के यातायात शाखाओं के प्रभारियों सहित भारी संख्या में बस एसोसिएशन के पदाधिकारी ट्रांसपोर्टर्स और सजग नागरिक उपस्थित रहे

