
*सीपीआई ने 6 मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा*
*ग्लोबल न्यूज रिपोर्टर ओमप्रकाश नाग कोण्डागांव*

*सीपीआई ने 6 मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा*,
*महंगाई, बेरोजगारी एवं डीज़ल-पेट्रोल की कीमतों पर नियंत्रण करने सहित कमी दूर करने*
कोण्डागांव 26 मई । कम्युनिष्ट पार्टी आॅफ इंडिया जिला परिशद् कोण्डागांव के द्वारा डीज़ल-पेट्रोल की कीमतों पर नियंत्रण सहित कमी दूर करने, बेरोजगारों को रोजगार देने, पंचायतों को विकास हेतु आवष्यक धन राषि उपलब्ध कराने एवं बढ़ती महंगाई पर नियंत्रण जैसे मामलों का त्वरित समाधान किए जाने विशयक और महामहिम राश्ट्रपति, महामहिम राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन को अनुविभागीय दण्डाधिकारी को कार्यालय अनुविभागीय दण्डाधिकारी कोण्डागांव में सौंपा गया है। सौंपे गए ज्ञापन में लेख किया गया है कि सीपीआई जिला परिशद् कोण्डागांव, जिलेवासियों के बीच रहकर उनकी समस्याओं के समाधान को लेकर निरंतर संघर्शरत है। सीपीआई को निरन्तर अपने बीच रहकर समस्याओं के लिए संघर्शरत देख कर, जिलेवासियों के द्वारा सीपीआई से निरंतर आग्रह किया जा रहा है कि जिले के मजदूर, किसान, बेरोजगार, ग्राम पंचायतों के जनप्रतिनिधिगण पूर्व से ही कई समस्याओं में उलझे हुए हैं। वहीं वर्तमान में डीज़ल-पेट्रोल की कीमतें दिन प्रति दिन बढ़ते जाने, डीज़ल-पेट्रोल की कमी होने से खेती किसानी के काम में किसानों को बहुत अधिक परेषान होना पड़ रहा है। विषेश रुप से डीज़ल की कीमत बढ़ने से खेती किसानी का लागत बढ़ेगा, आवष्यकता के अनुसार डीज़ल नहीं मिलने से खेती करना सम्भव नहीं होगा, षिक्षित बेरोजगारों को रोजगार नहीं मिलने से आर्थिक एवं मानसिक रुप से परेषान होना पड़ रहा है। वहीं षासन द्वारा पुर्व में पंचायतों के विकास हेतु उपलब्ध कराया जाने वाला आवष्यक धन राषि उपलब्ध नहीं कराए जाने पर ग्राम पंचायतों का विकास कार्य रुका पड़ा है और जिसका प्रभाव सीधे ग्रामीणजनों पर पड़ रहा है। जहां एक ओर वर्तमान में डीज़ल-पेट्रोल, एलपीजी की कीमतें दिन प्रति दिन बढ़ती जा रही है, वैसे ही खाद्य से लेकर अन्य दैनिक उपभोग की वस्तुओं के मूल्य में भी वृद्धि होने के कारण महंगाई में वृद्धि हो रही है, जिसके कारण गरीब-मध्यम वर्ग परिवार को जीवनयापन करने में भारी परेषानियों का सामना करना पड़ रहा है। आम जनता, गरीबों, मजदूरों, किसानों, बेरोजगारों के द्वारा हम कम्युनिश्टों के सामने व्यक्त की जा रही व्यथा से अवगत कराते हुए वर्तमान में केंद्र और छत्तीसगढ़ राज्य में न केवल सत्तासीन होने बल्कि इलेक्टोरल बाण्ड से 6000 से 8000 करोड़ रुपए तक हासिल किए होने के कारण देष के सबसे बड़े राजनीतिक दल भारतीय जनता पार्टी (पूंजीपति पार्टी) से भारतीय जनता की व्यथा को बताते हुए उन्हें राहत दिलाने के लिए त्याग करने के लिए प्रेरित करते हुए समस्याओं के समाधान हेतु ठोस कदम उठाने के निर्देष देने का निवेदन करते हुए सीपीआई कोण्डागांव अपनी मांगे 1) डीज़ल-पेट्रोल, एलपीजी की कीमतों पर नियंत्रण रखने सहित कमी को दूर करने तत्काल ठोस कदम उठाएं और रुस या अन्य मित्र देषों से ईंधन का आयात करें, ताकि भारतीय जनता को ईंधन सही मूल्य पर मिल सके। 2) आदिवासी बाहुल्य बस्तर सम्भाग के खनिज सम्पदा से मिलने वाले राजस्व से स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार देने की व्यवस्था किया जाए। 3) खनिज सम्पदा से मिलने वाले राजस्व से पंचायतों को विकास हेतु आवष्यक धन राषि उपलब्ध कराया जाए। 4) बढ़ती महंगाई पर नियंत्रण करने के लिए आवष्यक ठोस कदम जल्द से जल्द उठाया जाए। 5) किसानों को खेती बाड़ी के लिए आवष्यक कृशि यंत्रों को चलाने के लिए जरकिन में आवष्यकता के अनुसार ड़ीज़ल-पेट्रोल देने के निर्देष पेट्रोल पम्प संचालकों को दिए जाएं। 6) उपरोक्त समस्याओं का समाधान नहीं कर पाने की स्थिति में विनम्रता और सद्भावनापुर्वक विषेश आगह है कि वर्तमान में आर्थिक और राजनीतिक रुप से देष की सबसे बड़ी पार्टी भारतीय जनता पार्टी को केंद्र एवं राज्यों की सत्ता से तत्काल हटाए जाने की प्रक्रिया प्रारम्भ की जाए। ज्ञापन में उल्लेखित सभी मांगों को गम्भीरता एवं सहानुभूतिपूर्वक संज्ञान में लेकर 06 मांगों को जल्द से जल्द पूरा करके हमें सूचित कराने का आग्रह करने के साथ ही लेख किया गया है कि न्याय पूर्ण मांगों के पूरा नहीं होने पर कम्युनिश्ट पार्टी आॅफ इंडिया को उग्र आन्दोलन करने के लिए बाघ्य होना पड़ेगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी षासन-प्रषासन की होगी। ज्ञापन सौंपने के दौरान सीपीआई बस्तर सम्भाग संयोजक एवं राज्य सचिव मण्डल सदस्य तिलक पाण्डे, जिला सचिव षैलेष, सह सचिव द्वय दिनेष, जयप्रकाष, बिसम्बर, दुबेष, रामचंद, मानसिंग, सोमनाथ सहित अन्य कम्युनिश्ट उपस्थित रहे।
