
*लोखंडी में बाबा गुरु घासीदास जयंती समारोह संपन्न*
*बिलासपुर 🎤ग्लोबल न्यूज लाइव वेब 🎤चंद्र कुमार रजक की रिपोर्ट*5 दिसंबर दिन सोमवार*
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🎤लोखंडी में बाबा गुरु घासीदास जयंती समारोह: सरपंच ने सामुदायिक भवन हेतु 10 लाख की घोषणा की..
*बिलासपुर तखतपुर लोखंडी*“संत किसी एक समाज के नहीं होते, अपितु वे पूरे मानव समाज के मार्गदर्शक होते हैं। बाबा गुरु घासीदास ने ‘मनखे-मनखे एक समान’ का संदेश देकर सामाजिक भेदभाव को समाप्त करने का कार्य किया। उनका जीवन सत्य, अहिंसा और समानता का जीवंत उदाहरण है, जिसे अपनाकर ही सशक्त और समरस समाज का निर्माण संभव है।”
*पंथी नृत्य के बारे में मुख्य बातें:*
लोखंडी मे आज 5 जनवरी को गुरु घासीदास जयंती पर विशेष रूप से सफेद ध्वज चढ़ाया गया है, लेकिन यह धार्मिक त्योहारों और उत्सवों पर भी होता है।
छत्तीसगढ़ के सतनामी समुदाय का एक पारंपरिक लोक नृत्य है, जो सामाजिक समानता और आध्यात्मिक शिक्षाओं पर केंद्रित है।
पंथी कलाकार: नें लोखंडी मे गा नाच कर अपना कला का प्रदर्शन किया। जिसमे टेस्ला, के पंथी टोली नें अच्छा प्रदर्शन किया और पहला इनाम मिला और दूसरा इनाम गुड़िया, तीसरा पीपर तराई के सतनामी समुदाय के लोग नें किया हैं, जो गुरु घासीदास के अनुयायी हैं और उनके जीवन और शिक्षाओं को नृत्य के माध्यम से प्रस्तुत करते हैं।
तखतपुर विकासखंड के ग्राम लोखंडी में आज आयोजित बाबा गुरु घासीदास जयंती के अवसर पर सरपंच बलराम पटेल ने कहीं। कार्यक्रम में आयोजकों की मांग पर सरपंच ने सतनामी समाज के सामुदायिक भवन के लिए 10 लाख रुपए देने की घोषणा की।
सत्य और सदाचार का मार्ग: लोखंडी का सरपंच बलराम पटेल ने कहा कि बाबा गुरु घासीदास का संदेश आज भी प्रासंगिक है। उन्होंने समाज को अंधविश्वास, छुआछूत और असमानता से मुक्त करने के लिए जो मार्ग दिखाया, वह आज की पीढ़ी के लिए भी प्रेरणा स्रोत है।
मानवता सर्वोपरि: गुरु घासीदास जी ने मानव को सर्वोपरि मानते हुए सत्य और सदाचार की शिक्षा दी। उनके विचारों को आत्मसात कर समाज में भाईचारे और सौहार्द को मजबूत किया जा सकता है।
सामाजिक चेतना का प्रतीक: स्थानीय जनपद परमेश्वर पटेल, ने अपने संबोधन में कहा कि गुरु घासीदास का संपूर्ण जीवन सामाजिक चेतना और जागरण का प्रतीक है।
*उपस्थिति:*
इस गरिमामयी कार्यक्रम को उपसरपंच रामकुमार गढ़ेवाल, सुभास पटेल,सतनामी समाज का अध्यक्ष मंगल भार्गव शिवशंकर भार्गव, रामचरण भार्गव, पंचराम भार्गव,पूनी, बल्लु पाटले,अमित भार्गव, ने भी संबोधित किया।


