अमरकंटक ग्लोबल न्यूजग्लोबल ब्रेकिंग न्यूज़छत्तीसगढ़संपादक हरीश चौबेसबसे पहले सबसे आगे न्यूज

*अमरकंटक के सर्वोदय तीर्थ में भक्तिभाव से मनाया जायेगा*

अमरकंटक ग्लोबल न्यूज / श्रवण कुमार उपाध्याय की रिपोर्ट*



*अमरकंटक के सर्वोदय तीर्थ में भक्तिभाव से मनाया जा रहा दशलक्षण पर्यूषण पर्व, 28 को भव्य क्षमावाणी महोत्सव*


माँ नर्मदा की उद्गम स्थली पवित्र नगरी अमरकंटक स्थित दिगंबर जैन सर्वोदय तीर्थ क्षेत्र* में श्री पर्वराज दशलक्षण पर्यूषण पर्व श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उत्साह के साथ मनाया जा रहा है।

16 सितंबर से प्रारंभ हुए इस दस दिवसीय पर्व में प्रतिदिन भगवान आदिनाथ की विशेष पूजा-अर्चना, अभिषेक, शांतिधारा एवं धार्मिक विधान संपन्न हो रहे हैं। जैन समाज के महिला-पुरुष बड़ी संख्या में शामिल हो रहे हैं।

पर्व के दौरान उत्तम क्षमा, मार्दव, आर्जव, सत्य, शौच, संयम, तप, त्याग, आकिंचन्य एवं ब्रह्मचर्य इन दस धर्म लक्षणों की आराधना की जा रही है। यह पर्व आत्मशुद्धि, संयम और अहिंसा का संदेश देता है।

*28 सितंबर को क्षमावाणी महोत्सव*

दिगंबर जैन समाज के नीलेश जैन, देवेंद्र जैन (चुन्नू) एवं पार्षद श्रीमती निधि जैन ने बताया कि *28 सितंबर सोमवार* को सर्वोदय तीर्थ में भव्य क्षमावाणी महोत्सव एवं समापन समारोह होगा।

*कार्यक्रम इस प्रकार है*


– प्रातः 8 बजे: अभिषेक एवं शांतिधारा
– सुबह 10 बजे: क्षमावाणी महोत्सव
– 11 बजे: वात्सल्य भोज
– दोपहर 12 बजे: विशाल शोभायात्रा
– दोपहर 3 बजे: पुनः अभिषेक-शांतिधारा
– शाम 7 बजे: संगीतमय महाआरती

जैन धर्म में क्षमावाणी का विशेष महत्व है इस दिन श्रद्धालु परस्पर क्षमा मांगकर मैत्री और सद्भाव का संदेश देते हैं। सर्वोदय तीर्थ कमेटी ने सभी श्रद्धालुओं से सहभागिता की अपील की है।

Latest
*ब्रेकिंग न्यूज़ भ्रष्ट पटवारी पर गिरी गाज 25 हजार रिश्वत मांगने पर सस्पेंड* *ब्रेकिंग न्यूज़ शासकीय राशन दुकान संचालन के लिए आवेदन 4 नवम्बर तक* *सीएम से भेंट, 107 वर्ष पुरानी रामलीला के विकास को मिला आश्वासन* *अमरकंटक में चक्रवाती तूफान अर्नब का बड़ा असर* *आत्मरक्षा के गुर पर्यटन से रोजगार के अवसरों पर मंथन* *अमरकंटक में 24 नवंबर से निकलेगी मां नर्मदा मैकल परिक्रमा यात्रा* *अमरकंटक के परमहंस धारकुंडी आश्रम में श्रीमद्भागवत कथा का शुभारंभ* *डॉ. शीला शर्मा को विनोबा भावे सम्मान2026आचार्यकुल की प्रदेश अध्यक्ष बनीं* *रेत के अवैध परिवहन पर तीन साल का कठोर कारावास 26 हजार रुपये का जुर्माना* *लोकतंत्र की सुरक्षा के लिए चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता जरुरी*